माणकचौक थाने का जुआरियों पर शिकंजा : 5 आरोपी गिरफ्तार, बड़ी नकदी जप्त
Sat, Nov 15, 2025
माणकचौक थाना पुलिस ने 12 नवंबर की देर रात एक बड़ी सफलता हासिल की। पुलिस ने सार्वजनिक स्थान पर ताश पत्ती पर दांव लगाते हुए इलियास उर्फ इलू और छोटू कुरैशी सहित 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया। आरोपियों के कब्जे से कुल 21,500 रुपए नगदी, 52 ताश पत्ती, और एक रियलमी कंपनी का मोबाइल जब्त किया गया है। थाना प्रभारी प्रतिराम डाबरे द्वारा बताया गया कि इस कार्रवाई में एएसआई शिवनाथ सिंह राठौर की सराहनीय भूमिका रही।
जनसुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता : अपराधियों पर लगाएँ अंकुश, जनता से संवाद बढ़ाएँ : एसपी
Sat, Nov 8, 2025
जिले में कानून व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक अमित कुमार द्वारा शुक्रवार को नवीन पुलिस कंट्रोल रूम, रतलाम में जिले के सभी एसडीओपी एवं थाना प्रभारियों की अपराध समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राकेश खाखा (शहर), विवेक कुमार लाल (ग्रामीण), एफएसएल अधिकारी अतुल मित्तल, एसडीओपी जावरा संदीप मालवीय, एसडीओपी आलोट पल्लवी गौर, डीएसपी अजाक अजय सारवान, डीएसपी यातायात आनंद स्वरूप सोनी, उप पुलिस अधीक्षक अनिशा जैन सहित जिले के सभी थाना एवं चौकी प्रभारी उपस्थित रहे।
समीक्षा के प्रमुख बिंदु
बैठक के दौरान एसपी अमित कुमार ने विगत बैठकों में लिए गए निर्णयों की प्रगति की समीक्षा की और जिले के सभी थाना क्षेत्रों में पिछले तीन वर्षों के अपराधों का तुलनात्मक विश्लेषण प्रस्तुत किया गया। जिन थाना क्षेत्रों में अपराधों की संख्या में वृद्धि दर्ज की गई, वहाँ कारणों की पहचान कर सुधारात्मक कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए गए।
समीक्षा के दौरान विशेष रूप से निम्न विषयों पर चर्चा की गई :
गंभीर संपत्ति संबंधी अपराध, लंबित एवं चिह्नित प्रकरण
आदतन अपराधियों एवं असामाजिक तत्वों के विरुद्ध की गई कार्यवाही
अवैध मादक पदार्थों एवं शराब के विरुद्ध अभियान
गुम/अपहृत नाबालिगों की दस्तयाबी हेतु ऑपरेशन मुस्कान की प्रगति
सीएम हेल्पलाइन शिकायतों के त्वरित निराकरण की स्थिति
बैठक में आगामी अवधि के लिए विस्तृत रणनीति तय की गई और सभी थाना प्रभारियों को विशिष्ट लक्ष्य (टारगेट) प्रदान किए गए।
एसपी अमित कुमार के प्रमुख निर्देश
लंबित अपराधों के शीघ्र निराकरण के लिए विशेष टीमों का गठन किया जाए।
चोरी प्रकरणों में आरोपियों की गिरफ्तारी और मशरूका बरामदगी सुनिश्चित की जाए।
महिला अपराधों पर त्वरित कार्रवाई के साथ जागरूकता अभियान चलाए जाएँ।
ऑपरेशन मुस्कान के तहत गुम बच्चों की दस्तयाबी के लिए अभियान चलाया जाए।
सीएम हेल्पलाइन शिकायतों का त्वरित व संतोषजनक निराकरण किया जाए।
फरार एवं स्थायी वारंटियों की गिरफ्तारी हेतु विशेष अभियान संचालित किया जाए।
आदतन अपराधियों व असामाजिक तत्वों पर कड़ी निगरानी रखी जाए और सख्त कार्रवाई की जाए।
सामुदायिक पुलिसिंग के तहत थाना क्षेत्र में नागरिक संवाद कर समस्याओं का समाधान किया जाए।
बैठक के अंत में पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने कहा कि अपराध नियंत्रण एवं जनसुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। सभी अधिकारी अपने क्षेत्रों में सक्रिय रहकर अपराधियों पर अंकुश लगाएँ और जनता के साथ संवाद को मजबूत करें।
अधिकारियों को प्रशिक्षण : महिला अपराधों की जांच में संवेदनशीलता पर जोर
Tue, Oct 28, 2025
महिला अपराधों से संबंधित मामलों में विवेचना की गुणवत्ता सुधारने और अभियोजन प्रक्रिया को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से रतलाम रेंज में पुलिस अधिकारियों के लिए एक दिवसीय प्रशिक्षण सत्र का आयोजन किया गया।
यह द्वितीय प्रशिक्षण सत्र पुलिस उपमहानिरीक्षक (DIG) रतलाम रेंज
श्री निमिष अग्रवाल
के निर्देशन में नवीन पुलिस कंट्रोल रूम, रतलाम में संपन्न हुआ। प्रशिक्षण के पहले सत्र का आयोजन 6 अक्टूबर को किया गया था।
कार्यक्रम की शुरुआत में DIG
श्री निमिष अग्रवाल
एवं पुलिस अधीक्षक
श्री अमित कुमार
ने प्रशिक्षणार्थी विवेचकों को महिला अपराधों की विवेचना के दौरान अपनाई जाने वाली सावधानियों, कानूनी बारीकियों एवं साक्ष्य संकलन की सटीकता पर मार्गदर्शन दिया। उन्होंने कहा कि विवेचना की गुणवत्ता ही न्याय सुनिश्चित करने का आधार है।
प्रशिक्षण सत्र का संचालन
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री राकेश खाखा
द्वारा किया गया। इसमें विशेषज्ञ अधिकारियों ने पाँच प्रमुख विषयों पर व्याख्यान एवं व्यवहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया —
1️⃣
सायबर अपराध एवं शिकायतों पर कार्यवाही
– सायबर सेल प्रभारी प्रआर
मनमोहन शर्मा
, आरक्षक
हिम्मत सिंह
, आरक्षक
विपुल भावसार
एवं
मयंक व्यास
ने मोबाइल, सोशल मीडिया एवं वित्तीय धोखाधड़ी जैसे सायबर अपराधों की जांच की आधुनिक तकनीकों और डिजिटल साक्ष्य संकलन पर प्रशिक्षण दिया।
2️⃣
नवीन आपराधिक कानूनों के प्रावधान
– नगर पुलिस अधीक्षक
श्री सत्येंद्र घनघोरिया
एवं सहायक लोक अभियोजन अधिकारी
श्री योगेश तिवारी
ने BNS, BNSS एवं BSA के प्रमुख प्रावधानों का तुलनात्मक विश्लेषण प्रस्तुत किया तथा अपराध पंजीयन एवं गिरफ्तारी की नई प्रक्रियाओं पर प्रकाश डाला।
3️⃣
महिला संबंधी अपराधों की विवेचना की प्रक्रिया
– उप पुलिस अधीक्षक (महिला सुरक्षा)
श्री अजय सारवान
ने महिला अपराधों में संवेदनशीलता, कानूनी सटीकता और साक्ष्य संकलन की सावधानियों पर विस्तृत मार्गदर्शन दिया।
4️⃣
फॉरेंसिक साक्ष्य एवं वैज्ञानिक जांच की भूमिका
– एफएसएल अधिकारी
डॉ. अतुल मित्तल
ने वैज्ञानिक साक्ष्य के संरक्षण, विश्लेषण और अभियोजन में उसकी भूमिका पर चर्चा की।
5️⃣
एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत अपराधों की विवेचना
– जिला अभियोजन अधिकारी
श्री गोल्डन रॉय
ने तलाशी, जब्ती, नमूना परीक्षण और न्यायालयीन प्रक्रिया के कानूनी पहलुओं को विस्तार से समझाया।
इस प्रशिक्षण में रतलाम, मंदसौर एवं नीमच जिलों से
24 विवेचना अधिकारियों
(6 उप निरीक्षक, 6 सहायक उप निरीक्षक और 12 प्रधान आरक्षक) ने सहभागिता की। सत्र के दौरान
रक्षित निरीक्षक श्री मोहन भर्रावत
सहित अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे।
प्रशिक्षण के अंत में प्रतिभागियों का मूल्यांकन टेस्ट के माध्यम से किया गया, जिसमें
प्रथम और द्वितीय स्थान
प्राप्त करने वाले पुलिसकर्मियों को सम्मानित किया गया।
इस आयोजन का उद्देश्य पुलिस विवेचना की गुणवत्ता में सुधार कर न्यायिक प्रक्रिया को अधिक प्रभावी और पीड़ित केंद्रित बनाना रहा।